International Journal of Hindi Research

International Journal of Hindi Research


International Journal of Hindi Research
Vol. 3, Issue 4 (2017)
S.No. Title and Authors Name
1
दलित चेतना की दृष्टि से शबरी का मूल्यांकन
डाॅ0 हरिश्चन्द्र अग्रहरि
2
वर्तमान परिवेश में नाथ साहित्य की प्रासंगिकता का अनुशीलन
डॉ0 सत्येंद्र प्रकाश
3
प्रेमचंद और रावूरि भरद्वाज की कहानियों के परिकल्पना में गरीबी
डॉ0 पी0 तिरुपतम्मा
4
केदारनाथ अग्रवाल के काव्य में सामाजिक यथार्थ का अनुशीलन
नीता अग्रवाल
5
अंग्रेजी-हिंदी मशीनी अनुवाद तंत्रों की मूल्यांकन पद्धतियाँ
सुमेध खुशालराव हाडके, गिरीश नाथ झा
6
मणिपुरी भाषा की सामान्य विशेषताएँ
डाॅ0 चान्दम इङो सिंह
7
प्रेमचंद की कहानियाॅं और स्त्री संवेदना
डाॅ0 हरीश कुमार सोनी
8
नरेन्द्र कोहली के रामकथात्मक उपन्यास: एक विवेचनात्मक अध्ययन
रेखा रानी
9
सिंहली तथा हिंदी की क्रियाओं का लिंग, वचन तथा पुरुष की दृष्टि से व्यतिरेकी विश्लेषण
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10
संत रविदास: साम्प्रदायिक सौहार्द के हितैषी
प्रियंका सिंह
11
मुक्तिबोध के साहित्य में प्रतिबिंबित युग-संवेदना
डाॅ0 स्नेह लता सिंह
12
दहेज प्रथा और स्त्री दासता
अर्चना सिन्हा
13
स्त्री संघर्ष की चुनौतियाँ और महदेवी वर्मा
डाॅ0 ललित कुमार सिंह
14
अथर्ववेद में मानव के राजनीतिक अधिकार
प्रेम सिंह
15
भूमण्डलीकरण से राष्ट्रीयकरण:
Sajitha J
16
प्रयोजनमूलक हिंदी की शैली : एक विश्लेषण
Dr. Jino P Varughese
17
कामतानाथ की कहानियों में मानवाधिकार की चेंतना
अनुश्री त्रिपाठी, डाॅ0 प्रमिला बुधवार
18
प्रेमचंद एवं मार्टिन विक्रमसिंह की कहानियों में चित्रित दलित समाज का तुलनात्मक अध्यमयन
डाॅ0 आर0 के0 डी0 निलंति कुमारी राजपक्ष
19
दिनकर के काव्य में राष्ट्रीयता
डाँ0 पी0 तिरुपतम्मा
20
‘‘नारी अस्मिता का विमर्श’’ प्रभा खेतान के उपन्यास “छिन्नमस्ता” के विशेष संदर्भ में
कंचन भाणावत
21
शैलेश मटियानी के कथा साहित्य में दलित चेतना
डाॅ0 आनन्द सिंह फर्त्याल