Logo
International Journal of
Hindi Research
ARCHIVES
VOL. 8, ISSUE 1 (2022)
भारतीय संविधान द्वारा चयनित संसदीय प्रणाली-विश्लेषणात्मक अध्ययन
Authors
प्रमिला शक्तावत, बबीता कंवर
Abstract
लोकतन्त्रात्मक संवैधानिक राष्ट्र भारत में शासन व्यवस्था का संचालन संसदीय शासन प्रणाली द्वारा किया जाता है। संसदीय शासन प्रणाली में संसद की प्रधानता होती है।भारतीय संविधान सभा में इस प्रश्न पर विस्तृत विचार हुआ कि भारतीय लोकतन्त्र में शासन व्यवस्था के कौनसे रूप को अपनाया जाये,अध्यक्षात्मक शासन प्रणाली या संसदीय शासन प्रणाली। जब भारतीय संविधान का निर्माण हो रहा था उस समय तक 1919 और 1935 के भारतीय शासन अधिनियम के अन्तर्गत संसदीय व्यवस्था का अनुभव प्राप्त हो गया था। इसी अनुभव से भारतीय परिचित हुये कि संसदीय व्यवस्था के अन्तर्गत कार्यपालिका को जन-प्रतिनिधियों के द्वारा प्रभावपूर्ण तरीके से नियंत्रित किया जा सकता है। संसदीय व्यवस्था में ऐसी अनेक प्रक्रियाएं है जो यह सुनिश्चित करती हैं कि कार्यपालिका,विधायिका या जनता के प्रतिनिधियों के प्रति उतरदायी होगी और उनसे नियंत्रित भी। अतः संविधान सभा ने बहुत विचार-विमर्श के बाद भारत के लिए ब्रिटिश माॅडल की संसदीय शासन प्रणाली को स्वीकार किया।
Download
Pages:13-15
How to cite this article:
प्रमिला शक्तावत, बबीता कंवर "भारतीय संविधान द्वारा चयनित संसदीय प्रणाली-विश्लेषणात्मक अध्ययन ". International Journal of Hindi Research, Vol 8, Issue 1, 2022, Pages 13-15
Download Author Certificate

Please enter the email address corresponding to this article submission to download your certificate.