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International Journal of
Hindi Research
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VOL. 5, ISSUE 6 (2019)
भक्ति कालीन काव्य में कबीर की दृष्टि
Authors
अजय कुमार
Abstract
यह आलेख ‘भक्तिकालीन काव्य में कबीर की दृष्टि’ को रेखांकित करता है। कबीरदास जी भक्ति काल के ज्ञानमार्गी प्रधान संत कवि है। इन्होंने अपनी भाषा और काव्य के माध्यम से समाज में उपदेश दिए। कबीरदास जी ने मनुष्य के धर्म पर बल देते हुए समाज को अज्ञान, अंहकार, पाखण्ड तथा अंधविश्वास से बाहर निकाला तथा मूर्ति पूजा का विरोध किया और इसके साथ ही धार्मिक समानता पर भी बल दिया। अतः कबीर का भक्तिकाल में विशेष योगदान है।
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Pages:30-32
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अजय कुमार "भक्ति कालीन काव्य में कबीर की दृष्टि". International Journal of Hindi Research, Vol 5, Issue 6, 2019, Pages 30-32
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